हाल ही में क्या हुआ?
पिछले कुछ दिनों से फेसबुक (Meta) पर एक मैसेज तेजी से वायरल हो रहा है। इसमें लिखा है कि “कल से फेसबुक के नए नियम लागू होंगे जो आपकी तस्वीरों और निजी जानकारी का उपयोग करने की अनुमति देंगे। अगर आप इसे कॉपी-पेस्ट करके पोस्ट नहीं करते, तो माना जाएगा कि आप सहमत हैं।”
बहुत से लोग इसे अपने प्रोफाइल पर कॉपी-पेस्ट कर रहे हैं, लेकिन क्या यह सच है?
सच्चाई — यह सिर्फ एक पुरानी अफवाह है
यह मैसेज 2012 से इंटरनेट पर घूम रहा है और हर कुछ महीनों में फिर वायरल हो जाता है।
फेसबुक (Meta) ने कभी भी ऐसा कोई नियम लागू नहीं किया जिसमें पोस्ट कॉपी-पेस्ट करने से आपकी प्राइवेसी सुरक्षित हो जाए।
Snopes, AP News, और कई फैक्ट-चेक वेबसाइट्स ने इसे कई बार 100% फेक बताया है।
इस तरह के मैसेज को “copypasta hoax” कहते हैं — यानी बिना प्रमाण के बार-बार फैलाया जाने वाला डर फैलाने वाला मैसेज।
फेसबुक के असली नियम कैसे बदलते हैं?
अगर फेसबुक सच में कोई नया नियम लाता है, तो:
- आपको ईमेल और ऐप नोटिफिकेशन से जानकारी दी जाती है।
- Terms of Service पेज पर नया अपडेट दिखता है, जिसे पढ़कर आपको “Agree” करना पड़ता है।
- बड़े बदलाव मीडिया और फेसबुक के आधिकारिक ब्लॉग पर पब्लिश किए जाते हैं।
हाल ही में मेटा के असली अपडेट क्या किया है
- 22 जुलाई 2025 – मेटा की Supplemental Privacy Policy लागू हुई।
- अप्रैल 2025 – Ray-Ban Meta स्मार्ट ग्लासेज़ के वॉयस डेटा सेटिंग्स बदले गए।
- 3 महीने पहले – यूरोप में AI ट्रेनिंग के लिए सार्वजनिक डेटा का उपयोग फिर से शुरू।
इनमें से कोई भी बदलाव इस वायरल मैसेज जैसा नहीं है।
क्यों ये पोस्ट बेकार है?
- कॉपी-पेस्ट करने से आपके कानूनी अधिकार नहीं बदलते।
- आपने फेसबुक जॉइन करते समय ही इसके Terms & Conditions को स्वीकार किया था।
- प्राइवेसी को कंट्रोल करने का सही तरीका है अपने अकाउंट की सेटिंग्स में बदलाव करना, न कि फॉरवर्डेड मैसेज डालना।
क्या करें और क्या न करें
करें- अपनी प्राइवेसी सेटिंग्स को अपडेट रखें।
- कौन आपकी पोस्ट और फोटो देख सकता है, इसे नियंत्रित करें।
- संदिग्ध मैसेज को फैक्ट-चेक करें।
न करें- बिना जांचे-परखे मैसेज को शेयर न करें।
- सोचें — अगर ऐसा कोई बड़ा बदलाव होता, तो वह सिर्फ आपके पोस्ट करने से नहीं रुकता।
निष्कर्ष
फेसबुक का “नया नियम” वाला मैसेज 100% झूठा है। इसे शेयर करने की कोई जरूरत नहीं है। डरने के बजाय, सच जानें और दूसरों को भी जागरूक करें।
